पहली मोहब्बत है मेरी महबूब
दिल की धडकन है मेरी
आरजुये दिल है सनम
जुस्तजुये जिन्दगी है वो
सैलाभे मोहब्बत है वो
प्यार का सागर है
साहिल हूँ मैं
वो मादक मौंजे मोहब्बत की
मोहब्बत की मौंजों से
करार बेचेन दिल को आता है
सारे गिले शिकवे
जमाने के रंजों गम
भूल जाता है मौंजों को
भरके अपनी बाँहों मे
बयार मोहब्बत की
पाता हूँ मेरे महबूब
पूनम की शबनमी चाँदनी
टप टप टपकती शबनमी मोतियों की थाप
उसका वजूद जिन्दगी मेरी
उसकी मोहब्बत मंजिले जिन्दगी
महकती है कायनात उसकी महक से
पलकों से बुहारती वो डगर
आशियाना ए दिल में
बसी है वो
मेरी मोहब्बत मेरी महबूब
उसके अश्क मोहब्बत का पर्याय
जमाने को कभी रास न आये
दिल को हिलाते हैं
तुफा कभी सैलाभे मोहब्बत बनके
थम जाते हैं जिन्दगी में
उसकी असीम चाहत
प्यार मोहब्बत उसका
तस्सवुरे जिन्दगी
उसके रूखसार के नूर से
रौशन है जिन्दगी
और कायनातों फिजा
मेरी महबूब साँसे जिन्दगी की
मोहब्बत का दरिया
कभी सैलाभे मोहब्बत
तुम ही हो
तुम ही तो हो
जिन्दगी का सबब
प्यार का दरिया
मेरी महबूब
Ocean of Merathus ! आज फिर अम्बर के चाँद में दीदारे यार होगा, चँदा से बरसता मेरे महबूब का शबनमी प्यार होगा |
Thursday, 29 September 2016
पहली मोहब्बत, पहला पहला प्यार
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