Wednesday, 13 July 2016

२०९ - मेरी आधुनिक मधुशाला / મેરી આધુનિક મધુશાલા / মেরি আধুনিক মধুশালা /meri aadhunik madhushaalaa / ਮੇਰੀ ਆਧੁਨਿਕ ਮਧੂਸ਼ਾਲਾ



मेरी अन्तिम यात्रा में आने वाले साथ में लेके सागरमय आना
बारी बारी से अंजली भर अमृतसम हाला यारों सभी पिलाना
चाहे मुझे भुलाना पर मेरी मन्जिल मेरी मधुशाला न भुलाना
याद कभी जब मेरी आये पीने हाला मेरी मधुशाला तुम आना 

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खामोशियो की सागिर्दगी

खामोशियो की सागिर्दगी सबब ए जिन्दगानी यार है । तनहाइयो में तेरी मोहब्बतो यादें सनम एतबार हैं ।  मनोहर यादव