हमें पिचकारी की धार पसंद है
रंगों का त्यौहार होलिकोत्सव पसंद है
तुम्हारे जैसी शबनमी यार पसंद है
चाँदनी के जैसा महकता परिवार पसंद है
होलिकोत्सव की पावन बेला जीवन में आये हजार
शेफाली और केसर की महक से महकता रहे आपका घर संसार
मुबारक हो मेरे सनम रंगों का हँसी त्यौहार
हरेक जनम मेरे यार में पाऊ तुम्हारी मोहब्बत और असीम प्यार
मोहब्बत में धडकते दिल की यही है दरकार
कभी न भुलाईयों मेरी मोहब्बत जिन्दगी भर लुटाईयो प्यार !
जिन्दगी रंगों से भरी रहे ,
मिले खुशियाँ तुम्हें अपार
यश सम्मान सत्कार तुम पाओं
मोहब्बत में मन सदा हर्षाओं
दुश्मन पर गाज बनके गिरों
महबूबे मोहब्बत में जाँ की बाजी लगाओ !
होलिकोत्सव की हार्दिक शबनमी शुभकामनाएँ !
मनोहर यादव " अमृत सागर "
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