१८० मेरी आधुनिक मधुशाला
मेरी मोहब्बत मेरी मधुशाला मेरी मोहब्बत दिव्य अनुपम प्याला
तुम अमृतसम सागरमय मादकतम हाला मेरी मोहब्बत सुरबाला
तुम्हे समझकर अनुपम मादक हाला लबों से पी जाऊ मादक प्याला
कृतक अंजान डगर सदियों से डगर तुम्हारी निहारता रूपसी बाला
मेरी मोहब्बत मेरी मधुशाला मेरी मोहब्बत दिव्य अनुपम प्याला
तुम अमृतसम सागरमय मादकतम हाला मेरी मोहब्बत सुरबाला
तुम्हे समझकर अनुपम मादक हाला लबों से पी जाऊ मादक प्याला
कृतक अंजान डगर सदियों से डगर तुम्हारी निहारता रूपसी बाला
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