Wednesday, 13 July 2016

मोहब्बत का उपवन ७

कैसी है रे तू
पागल
मेरी मोहब्बत
मेरा प्यार
दिल की धडकन
चँदा की चाँदनी
बरखा की पहली फुहार
साँवन के सेरे
पूनम की चाँदनी
शबनमी मोतियों की माला
पूनम की रात का उजाला
मेरी पहली मोहब्बत
मेरा पहला प्यार
जाने जिगर जानेबहार
चौदवी का चाँद
अंगूरी हाला
जन्नते हूर
दिल का गुरूर
भोर की कुमुदनी
मेरी चकोर
शबनमी भोर
मेरा प्यार
बासंती बहार

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खामोशियो की सागिर्दगी

खामोशियो की सागिर्दगी सबब ए जिन्दगानी यार है । तनहाइयो में तेरी मोहब्बतो यादें सनम एतबार हैं ।  मनोहर यादव